पूर्णिया के बायसी में मतांतरण रैकेट का पर्दाफाश हुआ है। ग्रामीणों और विहिप-बजरंग दल की सक्रियता से मामले का खुलासा हुआ जिसमें अनिल राय उर्फ अनिल दादा नामक एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। आरोप है कि वह ईसाई मिशनरियों के प्रभाव में हिंदू परिवारों को प्रलोभन देकर मतांतरण करा रहा था। पुलिस ने मौके से बाइबिल और अन्य दस्तावेज जब्त किए हैं।
पूर्णिया। बायसी थाना के माला हरिणकोल गांव में सक्रिय मतांतरण कराने वाले बड़े रैकेट का पर्दाफाश शनिवार को हुआ है। ग्रामीणों के विरोध व विहिप-बजरंग दल के कार्यकर्ताओं की सक्रियता से इस रैकेट का भंडाफोड़ हुआ है।
इस सिलसिले में पुलिस ने गांव के ही अनिल राय उर्फ अनिल दादा को गिरफ्तार किया है। लोगों के बीच कथित बाबा की छवि बनाने वाले अनिल राय व चंद अन्य परिवार द्वारा लगातार इसाई मिशनरीज के प्रभाव में कार्य किया जाता था।
प्रलोभन देकर कराया जा रहा था मतांतरण
साथ ही आसपास के हिंदू परिवार को आर्थिक प्रलोभन देकर उनका मतांतरण कराया जा रहा था। गांव के लोगों के विरोध पर भी इस पर अंकुश नहीं लगने पर उन लोगों ने इसकी सूचना विश्व हिंदू परिषद व बजरंग दल को दी और फिर पूरे मामले का फंडाफोड़ हुआ
अमौर प्रखंड के विहिप अध्यक्ष अरुण शर्मा की सूचना पर जिला मंत्री राणा गौतम सिंह के साथ विहिप बजरंग दल की टीम उक्त गांव पहुंची, जहां शनिवार को भी मतातंरण कराने की तैयारी चल रही थी।
विहिप टीम एंव ग्रामीणों की मदद से मतातंरण करा रहे अनिल दादा उर्फ अनिल राय को पकड़कर स्थानीय बायसी थाना को इसकी सूचना दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस वहां पहुंच उसे अपने कब्जे में ले लिया। ग्रामीणों ने बताया कि गत वर्ष भी आरोपित द्वारा इस तरह का आयोजन किया गया था। उन लोगों ने उस समय पुलिस को सूचना भी दी थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई थी।
एक मास्टरमाइंड फरार
मतांतरण के इस खेल के एक और मास्टरमाइंड उमेश राम गांव से भागने में सफल रहा। पुलिस ने मौके से एक बाइबिल, मतांतरण से संबंधित एक डायरी एवं कई अन्य दस्तावेज भी पुलिस ने बरामद किया है। इस संबंध में गांव की मीना देवी के आवेदन पर प्राथमिकी दर्ज करायी गई है और इसमें मतातंरण के लिए बीस हजार रुपये प्रलोभन देने की बात भी कही गई है।
विहिप के जिला मंत्री राणा गौतम सिंह, जिला उपाध्यक्ष मृत्युंजय महान, पंकज मिश्रा, समरसता प्रमुख रंजन कुणाल, मठ मंदिर प्रमुख अमित शाह, मिलन केंद्र प्रमुख चंदन राज, विहिप अमौर अध्यक्ष अरुण कुमार शर्मा, सहमंत्री सोहन कुमार चौधरी, सत्संग प्रमुख संजय राय, सहसंयोजक विकास कुमार, गुलानबाग इकाई अध्यक्ष रामप्रवेश पासवान, गौरव रंजन, रूपौली से प्रकाश कुमार, आरएसएस के मुरली गुप्ता, संतोष सिंहा,नंदू भगत, अमौर मुखिया विवेकानंद झा के साथ ग्रामीणों के अथक प्रयास से इस रैकेट का भंडाफोड़ हुआ है। इस मामले में कुछ अन्य को भी नामजद किया गया, जिसकी तलाश में छापेमारी चल रही है।
- Log in to post comments
- 3 views